देश की रियासतों को एक करने के कठिन कार्य ने दिलाई लोह पुरुष की उपाधि-जयंती राजपूत
अजय कुमार गुप्ता
हमीरपुर।जनपद के राठ कस्वे के नगरपालिका सभागार में लौह पुरुष सरदार वल्लभभाई पटेल की 150 वीं जयंती पर रन फॉर यूनिटी का भव्य आयोजन किया गया।कार्यक्रम का शुभारंभ राठ विधायक मनीषा अनुरागी एवं जिला पंचायत अध्यक्ष जयंती राजपूत, नगर पालिका अध्यक्ष श्रीनिवास बुधौलिया द्वारा संयुक्त रूप से दीप प्रज्वलित कर किया।कार्यक्रम में प्रतिभागियों ने एकता, अखंडता और राष्ट्र की सुरक्षा के संदेश के साथ उत्साहपूर्वक रन फॉर यूनिटी” में भाग लिया। वही कार्यक्रम में जनप्रतिनिधियो ने राष्ट्रीय एकता दिवस पर आपसी भाईचारे, अखंडता और राष्ट्र की सुरक्षा को लेकर शपथ दिलाई गई।जिला पंचायत अध्यक्ष जयंती राजपूत ने सरदार वल्लभभाई पटेल की जीवनी पर प्रकाश डालते हुए कहा कि
सरदार पटेल का जन्म 31 अक्टूबर 1875 को गुजरात के नडियाद में हुआ था। बचपन से ही उनमें नेतृत्व और अनुशासन के गुण थे। उन्होंने अपनी मेहनत और लगन से कानून की पढ़ाई की और बाद में एक सफल वकील बने। लेकिन महात्मा गांधी के राष्ट्रवादी आह्वान ने उनके जीवन की दिशा बदल दी। अहमदाबाद के किसान आंदोलन से शुरू हुई उनकी यात्रा ने उन्हें जल्द ही जननेता बना दिया। उन्होंने किसानों, मजदूरों और आम जनता के अधिकारों के लिए संघर्ष किया और देश को दिखाया कि राजनीति का असली मतलब सेवा है, सत्ता नहीं।उन्होंने कहा कि आज़ादी के बाद भारत के सामने सबसे बड़ी चुनौती थी, 562 रियासतों को जोड़ कर समूचे देश को एक करना । जहाँ कई रियासतें अलग देश बनने की जिद पर अड़ी थीं, वहीं पटेल ने अपनी रणनीतिक कुशलता और दृढ़ इच्छाशक्ति से “एक भारत” का सपना साकार किया। हैदराबाद, जूनागढ़ और कश्मीर जैसी रियासतों को भारतीय संघ में मिलाना किसी युद्ध से कम नहीं था, लेकिन सरदार पटेल ने इसे बिना बड़े संघर्ष के संभव कर दिखाया। उनकी इसी लोहे जैसे कार्य को पूर्ण करने पर उन्हें लोह पुरुष की उपाधि दी।इस अवसर पर एसडीएम अभिमन्यु , जिला पंचायत सदस्य करन सिंह दद्दू, ब्लॉक प्रमुख प्रतिनिधि सरीला जीतूं राजपूत, ब्लॉक प्रमुख प्रतिनिधि अमरचन्द्र अनुरागी, सुरेश खेवरिया, नरोत्तम शुक्ला, मण्डल उपाध्यक्ष करन सिंह औडेरा,राजेश मुखिया, उपस्थित रहे!


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